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एक कड़वा सच

इस दुनिया में ऐसा कोई नहीं जिसके जीवन में विपरीत परिस्तिथिया नहीं आई हो ग्रहदोष, पित्रदोष, वास्तुदोष, दुर्घटनाये, बेरोजगारी, धन-अभाव, धन प्राप्ति में बाधायें, मानसिक अशांति, शारीरिक दुःख, कर्जा, व्यापार में हानि, पढाई-लिखाई में बाधा आदि जीवन के सुखो को खत्म कर देती है!

ग्रहदोष

पितृदोष

वास्तुदोष

धन-अभाव

शास्त्रों में इनके लिए बहुत से उपाय बताये गये है जैसे पूजा पाठ करना, मंदिरों में सेवा, दान पूण्य, मंदिरों का जीर्णोदार कराना, टोने-टोटके, मन्त्र-तंत्र आदि!
शास्त्रों में हनुमान जी को कलयुग का जाग्रत देवता कहा गया है और इनकी पूजा और मंत्रो के द्वारा उपरोक्त समस्याओ का निवारण बताया गया है ! हनुमान जी का यह चमत्कारी संग्रह इन्ही समस्याओ का निवारण है !

हनुमान जी
के अति प्राचीन

मंत्रो, श्लोको, छन्दों,कवचों,
रचनाओं का महा-संग्रह..

विश्व का एकमात्र संग्रह

अतुलित बलधामा

अपने घर के मंदिर में इसे रखिये और घर की नकारात्मक शक्तियों को बाहर भगाइये !

दुकान, मकान, कार्य स्थान, ऑफिस की सुरक्षा के लिए कारगर, अपने मित्रो को इसके बारे में बताये और धन प्राप्ति के मार्ग को प्रशस्त करे !

फायदे :-

भगाये नकारात्मक उर्जा

बढ़ाये अपना मनोबल

हनुमान जी के अति प्राचीन मंत्र एक जगह

इसकी पूजा से बाधाओ से छुटकारा

हनुमान कृपा प्राप्ति ग्रन्थ

मंदिरों के जीर्णोद्धार में सहयोग

आज ही इस संग्रह को खरीदें और मंदिरों के जीर्णोद्धार के निमित्त अपना सहयोग करें!

इस संग्रह के पीछे का रहस्य
इस संग्रह में ऐसा क्या है कि यह इतना प्रभावशाली है! आइये इसके पीछे का रहस्य जानें!

  • प्राचीनतम रचनायें प्राचीन व आधुनिक दोनों शास्त्रों से हनुमान जी के प्रभावशाली मन्त्र, कवच, श्लोक, छंद व रचनाओं को संकलित किया गया है। जो इसे उर्जादायक बनाता है।

  • श्री राम की स्तुतियाँ रामचरित मानस से विभिन्न देवी-देवताओं व ऋषियों द्वारा की गई श्री राम स्तुतियों को सम्मिलित किया गया है।

  • हनुमान जी की पूजा विधियां हनुमान जी को प्रसन्न करने के लिए और उनकी कृपा प्राप्त करने के लिए विभिन्न सूक्ष्म, लघु और बृहद पूजा विधियों का वर्णन किया गया है जिसे भक्त अपनी श्रध्दानुसार कर सकता है।

  • प्राचीन व प्रभावशाली उपाय विभिन्न समस्याओं के निवारण के लिए इसमें दिए गए है लगभग 90 से अधिक प्राचीन व प्रभावशाली उपाय । ये सारे उपाय हनुमान जी से सम्बंधित व बहुत ही आसान है।

  • ॐ हनुमान गदा यंत्र इस यंत्र में भगवन शिवशंकर और हनुमान जी दोनों का समावेश है। यह यन्त्र आपके घर, दुकान या जहाँ भी स्थापित किया गया है, से नकारात्मक उर्जा को दूर करता है।

  • सकारात्मक उर्जा प्राचीन मंत्रो के संग्रह और ॐ हनुमान गदा यंत्र को आपने घर, ऑफिस, दुकान या कार्यस्थल पर स्थापित कर पूजा करते है तो वहा सकारात्मक उर्जा का प्रवाह होना शुरू हो जाता है।

  • निमित्त फल जब आप इसको खरीदते है तो उस पैसे का एक अंश आप के नाम से मंदिरों के निमित्त जाता है जिसका आपको पता भी नहीं चलता। इसका फल आपको प्राप्त होता है।

  • पाठ करना इस संग्रह में हनुमान जी से सम्बंधित लगभग सभी तरह के मन्त्र, कवच, श्लोक, छंद व रचनाओं को संकलित किया गया है। जिनके पूर्ण श्रध्दा से दिए गए पाठ से आपको हनुमान जी कि कृपा प्राप्त होती है।

उपयोग में कैसे लिया जाये?

इस संग्रह को दो तरह से उपयोग में ले सकते है

यदि आप हनुमान जी की भक्ति कर उन्हें प्रसन्न करना चाहते है तो संग्रह में बताई गई विधि व मंत्रो का शुभ दिनों में पाठ कर सकते है। ध्यान रहें हनुमान जी की पूजा में पवित्रता का विशेष ध्यान रखना चाहिये !

अपने घर के मन्दिर में चौकी पर लाल कपड़ा बिछा कर ॐ हनुमान गदा अभिमंत्रित यंत्र व हनुमान संग्रह को स्थापित करे ! और प्रतिदिन इसकी पूजा अर्चना कर अपनी समस्या के निवारण की प्रार्थना करे !


AtulitBaldhama

श्री राम भक्त हनुमान जी को हम प्रणाम करते है। यह वेबसाइट हनुमान जी के चरणों में समर्पित करते है। इस वेबसाइट का उद्देश्य हनुमान जी से सम्बंधित रचनाओं, मंत्रो, श्लोकों, कवचों, लेखों, टोटको, कथाओं, भजनों, पूजा विधियों, पूजा सामग्रियों, किताबों, साहित्यों व अन्य हनुमान जी से सम्बंधित जानकारियों को हनुमान भक्तों तक पहुचना है। हमारा प्रयास है कि इस वेबसाइट के माध्यम से हनुमान जी से सम्बंधित सही व सटीक जानकारियाँ पुरे विश्व में पहुचें। विभिन्न स्रोतों से प्राप्त लेखों को पोस्ट करने से पहले विद्वानों द्वारा सत्यापित कर प्रकाशित किया जाता है। फिर भी त्रुटी रहने पर क्षमा प्रार्थी है व तो आपके सुझाव व सहयोग सराहनीय है।
"रामदूत अतुलितबलधामा, अंजनीपुत्र पवनसुत नामा", ये पंक्तियाँ है तुलसीदास जी की लिखी गई बहुत ही प्रभावी कृति हनुमान चालीसा की।
इसमें हनुमान जी को अतुलितबलधामा कहा गया, अतुलितबल धामा मतलब अद्वितीय, बेजोड़, अनुपम, अपरिमित,अतुल्य,अपार परम शक्तिशाली जिसके समान पूरा विश्व में कोई ना हो। हनुमान जी की शक्ति का वर्णन नहीं किया जा सकता। महासिंधु को लांघना, लंका दहन, संजीवनी के लिए द्रोंणगिरी को उठाना, रावण को मुक्का मार कर मूर्छित करना आदि ऐसे बहुत से प्रसंग है जो हनुमान जी को अतुलितबलधामा प्रमाणित करते है। हनुमान जी अतिशक्ति सम्पन्न तथा परम पराक्रमी होने के साथ-साथ अत्यंत बुद्धिमान, शास्त्रों के ज्ञाता, कुशल राजनीतिज्ञ, सरलता की मूर्ति, समस्त अमंगलो का नाश करने वाले तथा अष्ट सिद्धि नौ निधि के दाता है।
हनुमान जी को चिरंजीवी भी कहा गया है। माता सीता ने हनुमान जी को चिरंजीवी होने का वरदान दिया था।
अश्वथामा बलिर्व्यासो हनुमांश्च विभीषण:।
कृप: परशुरामश्च सप्तैते चिरजीविन: ।।

अर्थात अश्वथामा, राजा बलि, महर्षि व्यास, हनुमान जी, विभीषण, कृपाचार्य और भगवान परशुराम ये सातों अमर है।
यदि आप संकटों से मुक्ति, संकटों में अडिगता, भय से मुक्ति, चिन्ताओ से मुक्ति, समस्याओं का समाधान चाहते है तो आपको हनुमान जी की पूजा अवश्य करनी चाहिए।